पुलिस विभाग में आईटी संवर्ग के 4223 नवीन पदों के सृजन की मांग को लेकर राजस्थान आईटी कर्मचारी संघ के प्रतिनिधिमंडल की गृह राज्य मंत्री श्री जवाहर सिंह बेढ़म से मुलाकात
राजस्थान आईटी कर्मचारी संघ द्वारा के प्रदेशाध्यक्ष सुभाष यादव के नेतृत्व में माननीय गृह राज्य मंत्री श्रीमान जवाहर सिंह बेढम को राजस्थान में पुलिस विभाग की कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी, पारदर्शी एवं तकनीक-सक्षम बनाने के उद्देश्य से गृह विभाग में आईटी कैडर के नवीन पदों के सृजन की आवश्यकता के मध्येनज़र एक विस्तृत ज्ञापन प्रस्तुत किया गया। जिसमे गृह विभाग के अंतर्गत जिला स्तरीय पुलिस अधीक्षक, उप पुलिस अधीक्षक कार्यालयों एवं पुलिस थानों में वर्तमान समय में विभिन्न आईटी एप्लिकेशन तथा डिजिटल प्रणालियाँ संचालित की जा रही हैं। अपराध नियंत्रण, कानून-व्यवस्था, अभिलेख प्रबंधन, ऑनलाइन सेवाओं, शिकायत निस्तारण एवं विभागीय कार्यप्रणाली में सूचना प्रौद्योगिकी का बहुलता से उपयोग हो रहा है।
संघ के प्रदेश प्रवक्ता मनीष फगेडिया द्वारा अवगत करवाया गया कि डिजिटलीकरण एवं आईटी से संबंधित विभिन्न एप्लिकेशन के प्रभावी क्रियान्वयन तथा उनकी नियमित प्रगति में कई व्यावहारिक समस्याएँ सामने आ रही हैं। इन समस्याओं का प्रमुख कारण आईटी कौशल से युक्त अधिकारियों एवं कार्मिकों की अत्यंत कमी है। तकनीकी मानव संसाधन के अभाव में पुलिस विभाग को इन प्रणालियों के संचालन, रखरखाव एवं उन्नयन में अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है, जिससे कार्य की गति एवं गुणवत्ता प्रभावित हो रही है। पुलिस विभाग को आवश्यक एवं सतत आईटी सपोर्ट उपलब्ध कराने हेतु आईटी कैडर के अधिकारी एवं कार्मिकों के पदों का सृजन नितांत आवश्यक है। इसके लिए राजस्थान कंप्यूटर राज्य एवं अधीनस्थ सेवा संवर्ग के अंतर्गत नवीन पदों के सृजन से संबंधित एक तथ्यात्मक रिपोर्ट भी माननीय मंत्री महोदय को सौंपी गई।
राजस्थानआईटी कर्मचारी संघ की ओर से माननीय गृह राज्य मंत्री से यह आग्रह किया गया कि प्रस्तुत तथ्यात्मक रिपोर्ट एवं ज्ञापन पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करते हुए आवश्यक एवं शीघ्र कार्यवाही सुनिश्चित की जाए, ताकि पुलिस विभाग में डिजिटल प्रणालियों का सुचारु संचालन हो सके और प्रदेश में ई-गवर्नेंस एवं डिजिटल प्रशासन को और अधिक सशक्त बनाया जा सके।
राजस्थान आईटी कर्मचारी संघ को विश्वास है कि राज्य सरकार द्वारा इस दिशा में सकारात्मक निर्णय लिए जाएंगे, जिससे गृह विभाग की कार्यक्षमता बढ़ेगी और आईटी केडर के नवीन पद सृजन होने से आईटी कर्मचारियों को समयबद्ध पदोन्नति मिलेगी।



